जनपद के राधा नगर थाना क्षेत्र के ढकौली ग्राम मे अभी रात 10 बजे एक बड़ा हादसा हो गया। जानकारी के अनुसार ग्राम निवासी भोला साहू के घर रिश्तेदारी में आई उसकी सरहज सोनी साहू पत्नी बड़कू (निवासी – लतीर पुर) आज सोमवार की रात करीब 10 बजे छत पर गई थी। इसी दौरान वह अचानक 11 हजार हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गई।प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, करंट लगते ही महिला के शरीर में आग लग गई और वह बुरी तरह जलने लगी। ग्रामीणों ने घटना की सूचना तुरंत पुलिस व बिजली विभाग को दी, लेकिन आधे घंटे तक ना तो पुलिस मौके पर पहुँची और ना ही बिजली विभाग की टीम। महिला का शव करंट की चपेट में ही जलता रहा।
ग्रामीणों ने भय के बावजूद धूल, मिट्टी और पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन हाईटेंशन लाइन के करंट से कोई फायदा नहीं हो सका।मृतका के पीछे लगभग 8 से 12 साल के तीन छोटे बच्चे हैं। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
जनपद के राधानगर थाना क्षेत्र के ढकौली गांव में सोमवार देर रात बड़ा हादसा हो गया। ग्राम निवासी भोला साहू के घर रिश्तेदारी में आई सोनी साहू (पत्नी बड़कू, निवासी लतीरपुर) करीब रात 10 बजे छत पर पहुंचीं, तभी ऊपर से गुजर रही 11 हजार हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गईं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जैसे ही तार से करंट उनके शरीर में दौड़ा, महिला आग की चपेट में आ गई और मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई।आधे घंटे तक नहीं पहुंची पुलिस और बिजली विभाग
ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस और बिजली विभाग को सूचना दी, लेकिन गुस्से की बात यह रही कि करीब आधे घंटे तक न तो पुलिस मौके पर पहुंची और न ही बिजली विभाग की टीम। इस बीच महिला का शव करंट की गिरफ्त में ही जलता रहा।स्थानीय लोगों ने डर के बावजूद मिट्टी और पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश की, मगर हाईटेंशन लाइन से लगातार प्रवाहित करंट के कारण वे सफल नहीं हो सके।परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मृतका तीन मासूम बच्चों की मां थीं,जिनकी उम्र 8 से 12 साल के बीच बताई जा रही है।हादसे के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।गांव में मातम और आक्रोश का माहौल है।
गांव वालों का आरोप है कि बार-बार सूचना देने के बावजूद बिजली विभाग के अधिकारी न तो फोन रिसीव करते हैं और न ही समय पर मौके पर पहुंचते हैं।
लोगों का कहना है कि यदि समय रहते बिजली कटती या पुलिस सही वक्त पर समन्वय करती तो महिला की जान शायद बच सकती थी।ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि दोषी अधिकारियों और लापरवाह पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं होती तो आंदोलन किया जाएगा।
ग्रामीणों का आरोप है कि जनपद में आए दिन बिजली विभाग की लापरवाही जानलेवा साबित हो रही है।फोन करने पर विभागीय अधिकारी कभी कॉल रिसीव नहीं करते और न ही समय से मौके पर पहुँचते हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते बिजली विभाग करंट काट देता या पुलिस मौके पर पहुँचकर समन्वय कर पाती तो शायद महिला की जान बच सकती थी।
