“द केरल स्टोरी’ फिल्म पर विवाद खत्म होने का नाम ही नहीं ले रहा है। इस फिल्म को लेकर कई लोग अलग-अलग तरह के बयान दे रहे हैं। राजनीतिक रूप से देखा जाए तो कुछ नेता इसके पक्ष में है और कुछ नेता इसका विरोध कर रहे हैं। इसी के परिणाम स्वरुप महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नागपुर में अपने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ इस फिल्म को देखा। फिल्म देखने के बाद फडणवीस ने एनसीपी के विधायक जितेंद्र आव्हाड के विवादित बयान पर पलटवार किया ।उन्होंने कहा कि जो लोग केरल स्टोरी के डायरेक्टर को फाँसी देने की बात करते हैं असल में उनके “सड़े हुए दिमाग के सड़े हुए विचारों को फाँसी देनी चाहिए’। अपने कई कार्यकर्ताओं के साथ फिल्म देखने पहुँचे फडणवीस ने कहा कि है फिल्म एक तरह के जागरण की मुहिम है। लोग इसको देखकर जागृत होंगे। सिनेमा द्वारा इस फिल्म के माध्यम से सच्चाई को सामने लाया गया है। इस फिल्म में बताया गया है कि कैसे समाज में भेद पैदा किया जा रहा है और साथ ही महिलाओं के साथ अन्याय किया जा रहा है। फडणवीस ने आगे बताया कि फिल्म में पूर्ण रुप से सत्यता को दर्शाया गया है। इस फिल्म के माध्यम से बताया गया है कि कैसे लोगों का ब्रेनवाश किया जा रहा है तथा महिलाओं को इस प्रकार के षडयंत्र में शामिल कर उनके साथ अन्याय किया जा रहा है। इस फिल्म ने यह सब उजागर कर दिया है। दरअसल , एनसीपी के विधायक जितेंद्र आव्हाड ने कहा था कि द केरल स्टोरी के डायरेक्टर को फाँसी दे देनी चाहिए। इसी का पलटवार करते हुए देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि फाँसी “सड़े हुए दिमाग के सड़े हुए विचारों को देनी चाहिये”।
